कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद ने कहा है कि वह इस सप्ताह विदेश मंत्री एस. जयशंकर से मुलाकात कर भारत-कनाडा व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते (CEPA) पर चर्चा करने की उम्मीद कर रही हैं।
अनीता आनंद ने सोशल मीडिया मंच X पर कहा कि भारत-कनाडा के द्विपक्षीय संबंध आगे बढ़ रहे हैं और साल के अंत से पहले CEPA को अंतिम रूप देना कनाडा की व्यापक रणनीति के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि वह संयुक्त राष्ट्र की उच्चस्तरीय बैठक के दौरान इस सप्ताह जयशंकर से बातचीत की उम्मीद कर रही हैं।
पिछले सप्ताह विदेश मंत्री जयशंकर ने अपनी कनाडाई समकक्ष अनीता आनंद से फोन पर बातचीत की थी। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय सहयोग के साथ-साथ यूक्रेन की स्थिति पर चर्चा की थी।
CEPA वार्ता में तेजी लाने पर जोर
इस बीच, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने पिछले सप्ताह कनाडा के अंतरराष्ट्रीय व्यापार मंत्री मनिंदर सिद्धू के साथ CEPA वार्ता को आगे बढ़ाने पर चर्चा की।
मनिंदर सिद्धू ने X पर बताया कि उन्होंने भारत में अपनी टीम के साथ व्यापार वार्ता के चौथे दौर को पूरा किया है। उन्होंने कहा कि इन वार्ताओं के लिए लगातार आमने-सामने बातचीत जरूरी है और वह आने वाले हफ्तों में गोयल से फिर मुलाकात कर CEPA समझौते की दिशा में आगे बढ़ने की उम्मीद कर रहे हैं।
कनाडा के अनुसार, वर्ष 2024 में भारत और कनाडा के बीच 30.8 अरब डॉलर का द्विपक्षीय व्यापार हुआ था। दोनों देशों का लक्ष्य 2030 तक इसे दोगुने से अधिक बढ़ाकर 70 अरब डॉलर करने का है।
सिद्धू ने कहा कि कृषि और कृषि-खाद्य क्षेत्र से लेकर ऊर्जा, महत्वपूर्ण खनिज, AI और तकनीक, विमानन तथा रक्षा तक कई क्षेत्रों में CEPA कनाडाई कंपनियों के लिए भारत के बड़े और तेजी से बढ़ते बाजार में नए अवसर खोल सकता है।
दोनों देशों के बीच आर्थिक संबंध मजबूत करने पर जोर
पीयूष गोयल ने कहा कि भारत और कनाडा दोनों के नेतृत्व ने CEPA वार्ता को जल्द आगे बढ़ाने और इसे जल्द से जल्द पूरा करने की प्रतिबद्धता दोहराई है। इससे वस्तुओं, सेवाओं और निवेश समेत कई क्षेत्रों में नए अवसर खुल सकते हैं।
गोयल ने यह भी कहा कि भारत-कनाडा CEPA को जल्द अंतिम रूप दिए जाने से दोनों देशों के बीच व्यापार को उल्लेखनीय रूप से बढ़ाने और आर्थिक साझेदारी को गहरा करने के साझा लक्ष्य को हासिल करने में मदद मिलेगी।