सुरक्षा और सामरिक साझेदारी पर फोकस, सीडीएस और सिंगापुर के हाई कमिश्नर के बीच हुई बैठक

Posted on: 2026-06-24


सिंगापुर के हाई कमिश्नर साइमन वोंग ने मंगलवार को भारत के चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल एनएस राजा सुब्रमणि से मुलाकात की। इस बैठक में दोनों देशों की सेनाओं के बीच रक्षा सहयोग को और मजबूत करने पर चर्चा हुई। इसमें सैन्य अभ्यास, आपसी दौरे और पहले से चल रही बातचीत की व्यवस्थाओं के जरिए सहयोग बढ़ाने पर बात हुई। बैठक के दौरान साइमन वोंग ने जनरल सुब्रमणि को भारत के सीडीएस पद पर नियुक्त होने के लिए बधाई दी।

सिंगापुर के हाई कमिश्नर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्‍स’ पर लिखा, “आज मैंने भारतीय सशस्त्र बलों के चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल एनएस राजा सुब्रमणि से शुरुआती बातचीत की। मैंने उन्हें उनकी नई जिम्मेदारी के लिए बधाई दी और दोनों देशों की सेनाओं के बीच लंबे समय से चले आ रहे रक्षा सहयोग पर चर्चा की। इसमें बड़े सैन्य अभ्यास, आपसी आदान-प्रदान और नियमित बातचीत शामिल हैं। साथ ही, जनरल सुब्रमणि के नेतृत्व में इस मजबूत साझेदारी को और आगे बढ़ाने पर भी विचार साझा किए।”

पिछले महीने रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने सिंगापुर में हुए शांगरी-ला डायलॉग के दौरान सिंगापुर और न्यूजीलैंड के रक्षा मंत्रियों से मुलाकात की थी। इस दौरान दोनों देशों के साथ रक्षा संबंध मजबूत करने, समुद्री सहयोग बढ़ाने और जानकारी साझा करने की व्यवस्था को बेहतर बनाने जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई।

रक्षा मंत्रालय के जनसंपर्क विभाग ने ‘एक्‍स’ पर एक बयान में कहा, “रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने शांगरी-ला डायलॉग 2026 के दौरान न्यूजीलैंड के रक्षा मंत्री क्रिस पेनक और सिंगापुर के रक्षा मंत्री चान चुन सिंग के साथ बातचीत की।”

बयान में कहा गया कि इन बैठकों में दोनों देशों के बीच रक्षा संबंधों को मजबूत करने, समुद्री सहयोग बढ़ाने, जानकारी साझा करने की व्यवस्था को आगे बढ़ाने और सुरक्षित, स्थिर और समावेशी हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लिए साझा प्रतिबद्धता को दोहराने पर चर्चा हुई। राजेश कुमार सिंह ने शांगरी-ला डायलॉग के दौरान आयोजित इस्ताना रिसेप्शन में सिंगापुर के राष्ट्रपति थर्मन शनमुग रत्नम से भी मुलाकात की।

रक्षा मंत्रालय के जनसंपर्क विभाग ने कहा, “रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने शांगरी-ला डायलॉग 2026 के दौरान इस्ताना में आयोजित रिसेप्शन में सिंगापुर के राष्ट्रपति थर्मन शनमुग रत्नम से बातचीत की। इस दौरान दोनों देशों के बीच रणनीतिक संबंधों को और मजबूत करने और आपसी हितों वाले क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई।”