Google जल्द ही Android स्मार्टफोन्स के लिए एक नया AI फीचर पेश करने की तैयारी में है
जिसका नाम Contextual Suggestions बताया जा रहा है. यह फीचर सिर्फ ऐप सजेस्ट करने तक सीमित
नहीं रहेगा बल्कि यूजर की रोजमर्रा की आदतों और फोन इस्तेमाल करने के तरीके को
समझकर पहले से ही जरूरी चीजें सामने लाने की कोशिश करेगा. यानी आने वाले समय में
आपका स्मार्टफोन सिर्फ तेज नहीं बल्कि ज्यादा समझदार भी हो सकता है.
हालांकि Google ने अभी तक इस फीचर का आधिकारिक
ऐलान नहीं किया है लेकिन Android 16 इस्तेमाल कर रहे कुछ यूजर्स को यह फीचर दिखाई देने लगा है.
कंपनी की तरफ से इसे लेकर फिलहाल ज्यादा जानकारी साझा नहीं की गई है जिससे माना जा
रहा है कि इसकी टेस्टिंग चुपचाप शुरू हो चुकी है.
क्या है Contextual Suggestions फीचर?
Contextual Suggestions एक तरह का स्मार्ट AI असिस्टेंट
है जो बैकग्राउंड में काम करेगा. यह आपके फोन इस्तेमाल करने के पैटर्न, लोकेशन, समय और पसंदीदा ऐप्स को समझकर जरूरत के
हिसाब से सुझाव देगा. मान लीजिए आप एयरपोर्ट पहुंचते हैं तो फोन खुद ही बोर्डिंग
पास दिखा सकता है. अगर आप जिम जाते हैं तो म्यूजिक प्लेलिस्ट पहले से तैयार मिल
सकती है. ऑफिस जाने के समय नेविगेशन ऐप सामने आ सकता है या रोजमर्रा के कामों के
दौरान पेमेंट ऐप और रिमाइंडर दिखाई दे सकते हैं. इसका मकसद यूजर को हर बार ऐप
ढूंढने की जरूरत कम करना है.
Google के Magic Cue फीचर से मिलता-जुलता
यह नया फीचर काफी हद तक Google के Magic Cue सिस्टम से प्रेरित माना जा रहा
है. फिलहाल Magic Cue केवल Pixel 10 सीरीज के कुछ डिवाइसेज तक सीमित है और
AI
की मदद
से यूजर की गतिविधियों को समझकर काम करता है. लेकिन Contextual
Suggestions को
ज्यादा बड़े स्तर पर लाने की तैयारी दिखाई दे रही है. माना जा रहा है कि यह सिर्फ
फ्लैगशिप स्मार्टफोन्स तक सीमित नहीं रहेगा बल्कि दूसरे Android डिवाइसेज में भी आ सकता है.
Android स्मार्टफोन्स में पहले से App Actions और बेसिक ऐप प्रेडिक्शन जैसे फीचर्स
मौजूद हैं लेकिन Contextual Suggestions उनसे ज्यादा एडवांस माना जा रहा है. पुराने सिस्टम केवल किसी
एक ऐप या हाल की गतिविधि के आधार पर सुझाव देते थे जबकि नया AI फीचर कई अलग-अलग संकेतों और
यूजर बिहेवियर को मिलाकर काम करेगा. इससे सुझाव ज्यादा सटीक और व्यक्तिगत हो सकते
हैं.
AI फीचर्स के साथ सबसे बड़ा सवाल हमेशा प्राइवेसी को लेकर उठता है.
रिपोर्ट्स के मुताबिक Contextual Suggestions में प्रोसेस होने वाला डेटा डिवाइस के अंदर ही एन्क्रिप्टेड
रहेगा. Google का दावा है कि यह जानकारी दूसरी ऐप्स के साथ शेयर नहीं की जाएगी.
हालांकि अभी तक यह साफ नहीं हुआ है कि इसके पीछे कौन-सा AI मॉडल काम करेगा और डेटा
प्रोसेसिंग का पूरा सिस्टम कैसे चलेगा. आने वाले समय में कंपनी इस पर और जानकारी
दे सकती है.
अगर यह
फीचर आपके फोन में उपलब्ध हुआ, तो इसे Android Settings के अंदर Google
Services या All
Services सेक्शन
में देखा जा सकता है. Pixel यूजर्स को यह विकल्प प्रोफाइल सेटिंग्स में मिलने की संभावना है.
फिलहाल यह फीचर धीरे-धीरे रोलआउट हो रहा है इसलिए सभी यूजर्स तक पहुंचने में थोड़ा
समय लग सकता है.