रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ऑपरेशन सिंदूर को भारत के सैन्य इतिहास का स्वर्णिम अध्याय बताया।

Posted on: 2026-05-03


रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने आज कहा कि देश के सशस्त्र बलों का शौर्य केवल युद्ध के मैदान तक ही सीमित नहीं है, बल्कि वे आपदाओं के दौरान लोगों की सहायता भी करते हैं। श्री सिंह नई दिल्ली में ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ से पहले आयोजित एक कार्यक्रम में बोल रहे थे। रक्षा मंत्री ने कहा कि सैनिकों के अद्वितीय शौर्य ने ऑपरेशन सिंदूर को भारत के सैन्य इतिहास का स्वर्णिम अध्याय बना दिया है।

श्री सिंह ने सशस्त्र बलों के समर्पण और देशभक्ति की भी सराहना करते हुए कहा कि 'राष्ट्र सर्वोपरि, स्वयं से पहले सेवा' का उनका आदर्श वाक्य प्राचीन काल से लेकर वर्तमान अभियानों तक भारत की सैन्य परंपराओं को परिभाषित करता रहा है। 
 
रक्षा मंत्री ने कहा कि सशस्त्र बलों ने युद्ध के मैदान में और प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित लोगों की सेवा में साहस का परिचय दिया है। उन्होंने नागरिकों से देश के गुमनाम नायकों की कहानियों और बलिदानों को दूर-दूर तक साझा करने का आग्रह किया। मंत्री ने कहा कि वीरता एक अटूट मानसिकता है जिसमें देशभक्ति से प्रेरित होकर एक सैनिक व्यक्तिगत सुख-सुविधाओं, मोह-माया और भय से ऊपर उठ जाता है।